जी न्यूज भारत से चित्रकूट मण्डल ब्यूरो मनोज कुमार अग्रहरि की खाश रिपोर्ट ब्रेकिंग न्यूज चित्रकूट प्राकृतिक खेती से करें मानव स्वास्थ्य व पर्यावरण की रक्षा एफ पी ओ बनाकर पाएँ अपने उत्पाद का उचित मूल्य- सांसद आर के सिंह पटेल
कृषि विभाग द्वारा जिला स्तरीय खरीफ उत्पादकता गोष्ठी एवं किसान मेला का आयोजन राष्ट्रीय रामायण मेला परिसर चित्रकूट में किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि सांसद आर के सिंह पटेल ने किसानों का आह्वान किया कि अपने जनपद में परंपरागत फसलों जैसे ज्वार बाजरा श्री अन्न, उर्दू मूंग अरहर, तिल आदि की बुवाई करके अधिक लाभ प्राप्त करें।
खेती-बारी, दूध-दुहान एक साथ करके अपनी ज़रूरत की चीजें जैसे अनाज के साथ साथ साग सब्जी, फल फूल, डेयरी उत्पाद का उत्पादन करें। इसीलिए इस गोष्ठी में सभी विभागों को बुलाया गया है ताकि किसान भाई एक ही जगह पर सारी जानकारी प्राप्त कर सकें। श्री अन्न या मोटे अनाज जिनमें ज्यादा कृषि निवेश और अधिक देखभाल की जरूरत नहीं पड़ती, कम क्षेत्रफल में अधिक लाभ देते हैं।
बाज़ार में मोटे अनाज जैसे ज्वार बाजरा, सांवा, कोदो आदि की कीमत धान गेहूँ से काफी अधिक है। उन्होंने किसानों से कहा कि प्राकृतिक खेती करके मानव स्वास्थ्य, अपनी मिट्टी और पर्यावरण की सुरक्षा करते हुए गुणवत्ता युक्त खाद्यान्न, सब्जी, फलोत्पादन करके कम लागत में अधिक लाभ प्राप्त करें।
किसान संगठित होकर कृषक उत्पादन संगठन बनाकर निवेश का विपणन व किसानों द्वारा पैदा किए गए उत्पादों को ऊँची कीमत पर बेच सकते हैं। जिले में इस समय 19 एफ पी ओ बने हुए हैं जिनसे जुड़कर किसान लाभ उठा सकते हैं।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे जिलाधिकारी अभिषेक आनन्द ने इस वर्ष खरीफ फसलों में आच्छादन बढ़ाने पर जोर देते हुए किसानों का आह्वान किया कि धान गेहूँ जैसी फसलों से हटकर दलहनी, तिलहनी फसलों व श्री अन्न की खेती से अधिकाधिक क्षेत्र में करें ताकि कम लागत में अधिक लाभ मिल सके।
उन्होंने बताया कि इस खरीफ सीजन के लिए ज़रूरी बीज, खाद, सिंचाई के उपलब्ध साधनों आदि की पर्याप्त व्यवस्था कर ली गई है। औद्यानिक फसलों को बढ़ावा दिया जा रहा है। भूमि व जल संरक्षण के लिए जिले में तीन भूमि संरक्षण इकाइयां हैं जो कृषि विभाग की योजनाओं को धरातल पर पहुंचा रही हैं। ज्वार बाजरा आदि की खरीद के लिए जिले में पाँच क्रय केन्द्र खोले गए हैं। गोष्ठी के दौरान सांसद द्वारा जिला कोऑपरेटिव बैंक, बाँदा द्वारा चयनित दस किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड दिया गया। अनावृष्टि व अतिवृष्टि से प्रभावित किसानों को मूंग के मिनीकिट बीज वितरित किए। भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष चंद्रप्रकाश खरे ने किसानों से कहा सभी किसान भाई कृषि, उद्यान, पशुपालन आदि विभागों से संचालित विभिन्न योजनाओं का लाभ उठाएं। अध्यक्ष ने सभी किसानों से विषमुक्त खेती की ओर मुड़ने की अपील करते हुए कहा कि कृषि रक्षा रसायनों व रासायनिक उर्वरकों के अंधाधुंध इस्तेमाल से मनुष्य में कैंसर जैसी घातक बीमारियां हो रही हैं। उप कृषि निदेशक राजकुमार ने गोष्ठी व मेले की उपयोगिता व कृषि विभाग द्वारा चलाई जा रही योजनाओं के बारे में विस्तार से बताया।
जिला उद्यान अधिकारी डॉ प्रतिभा पांडेय, जिला खाद्य एवं विपणन अधिकारी डॉ अविनाश झा, उप पशु मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ मनोज कुमार, भूमि संरक्षण अधिकारी कर्वी देवेन्द्र सिंह निरंजन, कृषि विज्ञान केन्द्र गनीवां के मुख्य वैज्ञानिक एवं अध्यक्ष डॉ चंद्रमणि त्रिपाठी, गृह वैज्ञानिक डॉ ममता त्रिपाठी ने नवीनतम कृषि तकनीकी के बारे में किसानों को विस्तार से बताया।
जिला कृषि अधिकारी आर पी शुक्ल ने जिले में बीज एवं उर्वरक की मांग व उपलब्धता पर जानकारी देते हुए कहा कि किसान भाई संस्तुत मात्रा में ही उर्वरकों का प्रयोग करें औऱ कृषि व उनसे जुड़े हुए विभागों द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ उठाएँ। गोष्ठी में लगभग 1200 किसानों व कृषक महिलाओं ने भाग लिया और वैज्ञानिक संवाद कायम किया। *सांसद ने उपस्थित किसानों, महिलाओं व जनसमूह को आजादी के अमृत महोत्सव अंतर्गत पंच प्रण की शपथ दिलाई*।
इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष अशोक जाटव, नगर पालिका अध्यक्ष नरेंद्र गुप्ता, कोऑपरेटिव बाँदा चित्रकूट अध्यक्ष पंकज अग्रवाल, सांसद प्रतिनिधि शक्ति सिंह, जिला विकास अधिकारी राज कुमार त्रिपाठी, खंड विकास अधिकारी कर्वी आस्था पांडेय, कृषि, पशुपालन, उद्यान, मतस्य, रेशम व अन्य राजकीय विभाग के अधिकारी कर्मचारी तथा विभिन्न कृषि निवेश कंपनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।

